दिल्ली शराब मामले में राहत के बाद केटीआर का भरोसा: ‘हर झूठा आरोप अंततः गिरेगा’

हैदराबाद में मीडिया से बातचीत में भारत राष्ट्र समिति (बीआरएस) के कार्यकारी अध्यक्ष के. टी. रामाराव (केटीआर) ने कहा कि दिल्ली आबकारी नीति मामले में नेता के. कविता को अदालत से मिली राहत यह साबित करती है कि विपक्षी नेताओं के खिलाफ रचे गए राजनीतिक षड्यंत्र टिकने वाले नहीं हैं।

आरोप और राजनीतिक साजिश

केटीआर ने कहा कि जिस कथित शराब घोटाले के नाम पर आम आदमी पार्टी की सरकार को निशाना बनाया गया, उसी नैरेटिव के जरिए बीआरएस को भी विधानसभा और लोकसभा चुनावों में नुकसान पहुँचाने की कोशिश हुई।

आरोप लगाना आसान, साबित करना मुश्किल

उन्होंने कहा, “अदालत ने दिखा दिया कि आरोप लगाना आसान है, लेकिन उन्हें साबित करना मुश्किल। हमारी नेता कविता को न्याय मिला है। इसी तरह, हमारे सभी नेताओं पर लगाए गए झूठे, राजनीतिक रूप से प्रेरित और मनगढ़ंत आरोप भी एक-एक कर गिरेंगे।”

जांच एजेंसियों और मीडिया ट्रायल पर हमला

केटीआर ने कांग्रेस और भाजपा पर आरोप लगाया कि दोनों दल विपक्ष को बदनाम करने के लिए जांच एजेंसियों और मीडिया ट्रायल का सहारा लेते हैं। उन्होंने कहा कि न्यू इंडिया में आरोप पहले लगाए जाते हैं और सबूत बाद में ढूंढे जाते हैं। मीडिया के जरिए ऐसा माहौल बनता है कि मानो फैसला अदालत ने नहीं, स्टूडियो में हो चुका हो।

CBI जांच और गिरफ्तारी

दिल्ली आबकारी नीति मामला 2022 से राष्ट्रीय राजनीति में चर्चा में रहा। प्रवर्तन निदेशालय और सीबीआई की जांच के दौरान कई नेताओं से पूछताछ और गिरफ्तारियां हुई थीं। बीआरएस ने आरोप लगाया कि जांच की टाइमिंग चुनावी राजनीति से जुड़ी थी, जबकि एजेंसियों ने इसे कानूनी प्रक्रिया का हिस्सा बताया।

न्यायपालिका और कार्यकर्ताओं के लिए संदेश

केटीआर ने कहा कि उनकी पार्टी न्यायपालिका पर भरोसा रखती है और अंततः सच सामने आएगा। उन्होंने कार्यकर्ताओं से संयम रखने और कानूनी लड़ाई पर विश्वास बनाए रखने की अपील की। उनका कहना था, “सत्य को देर हो सकती है, अंधेरा लंबा लग सकता है, लेकिन अंत में जीत सच की ही होगी।”

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *