देवरिया रूट की ट्रेन पर पत्थरबाजी का मामला, RPF ने पांच युवकों को किया गिरफ्तार

गोरखपुर में ट्रेन पर पत्थर फेंकने के आरोप में रेलवे सुरक्षा बल (RPF) ने पांच युवकों को पकड़ा है। घटना 20 सितंबर की बताई जा रही है। सूचना मिलने के बाद आरपीएफ और अपराध आसूचना शाखा की टीम मौके पर पहुंची। टीम को देखते ही वहां मौजूद युवक भागने लगे, लेकिन पीछा कर सभी को पकड़ लिया गया।
आरपीएफ के मुताबिक, देवरिया की ओर जा रही ट्रेन संख्या 15027 के गार्ड ने VHF सेट के माध्यम से ट्रेन पर पत्थरबाजी की सूचना दी थी। बताया गया कि कुशम्ही की तरफ अंडरपास से आगे कुछ युवक रेलवे ट्रैक के पास मौजूद थे और गुजर रही ट्रेन पर पत्थर फेंक रहे थे। पत्थर लगने से एक महिला यात्री के घायल होने की सूचना भी दी गई।
VHF के जरिए मिली सूचना
ट्रेन के गार्ड से सूचना मिलते ही गोरखपुर छावनी आरपीएफ की टीम सक्रिय हुई। प्रभारी निरीक्षक सत्येंद्र कुमार के नेतृत्व में टीम को तत्काल बताए गए स्थान पर भेजा गया।
मौके पर पहुंचने के बाद आरपीएफ और अपराध आसूचना शाखा की टीम ने आसपास तलाशी शुरू की। इस दौरान पांच युवक वहां मौजूद मिले। पुलिस टीम को देखते ही उन्होंने मौके से भागने की कोशिश की।
पीछा कर पांचों युवकों को पकड़ा
टीम ने भाग रहे युवकों का पीछा किया और कुछ दूरी पर सभी को पकड़ लिया। आरपीएफ के अनुसार, पूछताछ के दौरान युवकों ने कथित तौर पर स्वीकार किया कि उन्होंने कुछ देर पहले गुजर रही ट्रेनों की ओर पत्थर फेंके थे।
पूछताछ में पत्थरबाजी की वजह के बारे में भी जानकारी ली गई। आरपीएफ के मुताबिक, युवकों ने नशे की हालत में ट्रेन पर पत्थर फेंकने की बात कही। हालांकि, मामले में आगे की जांच और कानूनी प्रक्रिया संबंधित अधिकारियों की ओर से की जाएगी।
मौके का किया गया निरीक्षण
युवकों को पकड़ने के बाद आरपीएफ की टीम ने घटनास्थल का निरीक्षण किया। ट्रेन के गार्ड की ओर से बताए गए स्थान का भी सत्यापन किया गया। इसके अलावा गाड़ी संख्या 12565 और 15027 के गार्ड की ओर से उपलब्ध कराए गए FIR संबंधी दस्तावेजों को मामले के रिकॉर्ड में शामिल किया गया।
पांचों युवकों को संबंधित टीम को सौंपा
आरपीएफ गोरखपुर छावनी ने पकड़े गए पांचों युवकों को आवश्यक कानूनी कार्रवाई के लिए संबंधित क्षेत्राधिकार की टीम को सौंप दिया। बताया गया कि उनकी सुपुर्दगी शाम करीब 7:30 बजे की गई।
आरपीएफ के अनुसार पकड़े गए युवकों की पहचान विकास कुमार (22), शंकर कुमार (20), धीरज कुमार (19), शिव कुमार (18) और राजन (18) के रूप में हुई है।
आरपीएफ के मुताबिक विकास, शंकर और धीरज नंदानगर एफसीआई क्रॉसिंग क्षेत्र के रहने वाले बताए गए हैं। शिव कुमार कुशीनगर जिले के बेलवनिया का निवासी बताया गया है और वह फिलहाल नंदानगर में किराए के मकान में रह रहा था। राजन के भी कुशीनगर जिले का रहने वाला होने की जानकारी दी गई है।
अब मामले में संबंधित आरपीएफ और रेलवे पुलिस की ओर से नियमानुसार आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
