यूपी चुनाव से पहले BJP की बड़ी तैयारी, प्रदेशभर में निकालेगी ‘लोकतंत्र बचाओ-अराजकता हटाओ’ पदयात्रा

उत्तर प्रदेश में आगामी विधानसभा चुनाव को देखते हुए भारतीय जनता पार्टी ने अपनी राजनीतिक और संगठनात्मक गतिविधियां तेज कर दी हैं। इसी कड़ी में पार्टी मंगलवार से प्रदेश में ‘लोकतंत्र बचाओ-अराजकता हटाओ’ अभियान शुरू करने जा रही है। इसके तहत अगले तीन दिनों तक अलग-अलग क्षेत्रों में पदयात्राएं और जनसंपर्क कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। इन कार्यक्रमों में बीजेपी के वरिष्ठ नेता, केंद्रीय मंत्री और प्रदेश के प्रमुख पदाधिकारी हिस्सा लेंगे।
अभियान की शुरुआत राजधानी लखनऊ से होगी, जहां केंद्रीय मंत्री शिवराज सिंह चौहान पदयात्रा का नेतृत्व करेंगे। वहीं, बरेली में केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा पार्टी के नेताओं और कार्यकर्ताओं के साथ मार्च निकालेंगे। इसके अलावा बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन बुधवार को गोरखपुर में पदयात्रा करेंगे। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ भी 5 नवंबर को गाजियाबाद में मार्च में शामिल होंगे।
प्रदेश में 2027 के विधानसभा चुनाव से पहले शुरू किए जा रहे इस अभियान को राजनीतिक रूप से अहम माना जा रहा है। इसके जरिए बीजेपी एक ओर विपक्षी दलों पर निशाना साधेगी, वहीं दूसरी ओर पार्टी कार्यकर्ताओं को सक्रिय करने और जनता के बीच अपनी पहुंच मजबूत करने की कोशिश करेगी।
तीन दिनों तक प्रदेश के छह संगठनात्मक क्षेत्रों में कार्यक्रम
बीजेपी की योजना के मुताबिक, अगले तीन दिनों तक उत्तर प्रदेश के सभी छह संगठनात्मक क्षेत्रों में पदयात्राएं आयोजित की जाएंगी। इन कार्यक्रमों में पार्टी के वरिष्ठ नेताओं से लेकर स्थानीय जनप्रतिनिधियों और बूथ स्तर के कार्यकर्ताओं तक की भागीदारी रहेगी।
‘लोकतंत्र बचाओ-अराजकता हटाओ’ नाम से चलाए जा रहे इस अभियान के जरिए बीजेपी इंडिया गठबंधन और विपक्षी दलों की राजनीति पर सवाल उठाएगी। पार्टी का फोकस प्रदेश में संगठन को मजबूत करने, कार्यकर्ताओं के साथ सीधा संवाद स्थापित करने और चुनावी तैयारियों को गति देने पर रहेगा।
लखनऊ में शिवराज सिंह चौहान संभालेंगे कमान
मंगलवार को लखनऊ में केंद्रीय मंत्री शिवराज सिंह चौहान के नेतृत्व में पदयात्रा निकाली जाएगी। कार्यक्रम सुबह 11 बजे शुरू होने का कार्यक्रम है। इसमें बीजेपी के वरिष्ठ नेता, जनप्रतिनिधि और बड़ी संख्या में कार्यकर्ता शामिल होंगे।
वहीं, ब्रज क्षेत्र में पार्टी की गतिविधियों को मजबूत करने के लिए केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा बरेली में पदयात्रा करेंगे। बीजेपी इस अभियान को केवल विरोध प्रदर्शन तक सीमित नहीं रखना चाहती, बल्कि इसके माध्यम से स्थानीय कार्यकर्ताओं और आम लोगों से संपर्क बढ़ाने की भी तैयारी है।
पार्टी के नेता अलग-अलग क्षेत्रों में रात्रि विश्राम भी करेंगे। इस दौरान बूथ स्तर के पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं के साथ बैठक कर संगठन की स्थिति और आगामी चुनाव की तैयारियों पर चर्चा की जाएगी।
गोरखपुर और गाजियाबाद में भी उतरेंगे बड़े नेता
अभियान के अगले चरण में बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन बुधवार को गोरखपुर में पदयात्रा निकालेंगे। वहीं मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ 5 नवंबर को गाजियाबाद में मार्च का नेतृत्व करेंगे। इन कार्यक्रमों के जरिए पार्टी प्रदेश के अलग-अलग हिस्सों में अपनी राजनीतिक सक्रियता दिखाने की तैयारी में है।
बीजेपी के इस अभियान में केंद्रीय नेतृत्व और प्रदेश के बड़े नेताओं की भागीदारी से संगठन को चुनाव से पहले मजबूत करने का संदेश देने की कोशिश की जा रही है।
अन्य राज्यों में भी चल रहा है अभियान
उत्तर प्रदेश से पहले बीजेपी और उसके सहयोगी दलों की ओर से दूसरे राज्यों में भी इसी तरह के कार्यक्रम आयोजित किए गए हैं। सोमवार को केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने हैदराबाद में पदयात्रा में हिस्सा लिया था। इस दौरान उन्होंने कांग्रेस पर निशाना साधते हुए उसकी रैली को लेकर तीखी टिप्पणी की थी। उनके साथ केंद्रीय मंत्री किशन रेड्डी, गृह राज्य मंत्री बंदी संजय कुमार और तेलंगाना बीजेपी के कई नेता मौजूद थे।
इसके अलावा बिहार के भागलपुर में बीजेपी अध्यक्ष नितिन नवीन के नेतृत्व में एनडीए की पदयात्रा निकाली गई। पश्चिम बंगाल में भी नितिन नवीन और मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी ने मार्च में हिस्सा लिया। वहीं महाराष्ट्र में महायुति की ओर से ‘संविधान बचाओ, अराजकता हटाओ’ रैली आयोजित की गई।
कुल मिलाकर, उत्तर प्रदेश में शुरू होने जा रहा बीजेपी का यह अभियान आगामी विधानसभा चुनाव से पहले पार्टी की संगठनात्मक और राजनीतिक रणनीति का महत्वपूर्ण हिस्सा माना जा रहा है।
